Thursday, May 4, 2017

मुझे खून चाहिए

"मुझे खून चाहिए," उन्होंने कहा था।
            किसने कहा था?
सुभाषजी ने।
            सुभाष कौन?
ज़रा आदर  से नाम लो - सुभाष नहीं, सुभाषजी।
तुम  नहीं जानते कौन सुभाषजी ?
            तुम किस सुभाषजी की बात कर रहे हो?
बड़े देशद्रोही हो जो सुभाषजी को नहीं जानते।
एक ही तो  सुभाषजी हैं
जिन्होंने ऐसा कहा था।
             अच्छा तो तुम्हारा मतलब सुभाष चंद्र बोस से है !
            उन्होंने ऐसा कहा था?
हाँ! उन्होंने ही तो कहा था "मुझे खून चाहिए।"
उन्होंने ही कहा था देश खून मांग रहा है।
ऐसा कहा था सुभाषजी ने।
            पर सुभाषजी ने तो कहा था, "तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हे ....."
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- बीच में ही टोकते हुए -
देश के खातिर।  धर्म के लिए
उन्होंने खून माँगा था।
            तो तुमने दिया खून?
हाँ! दिया,
अख़लाक़ का
और अब पहलु का। 


* * *
३  अप्रैल  २०१७ 

1 comment:

  1. Yeh kiska lahu hai kaun mara....
    http://sahir-ludhianvi.blogspot.in/2011/05/1961-yeh-kiska-lahu-hai-kaun-mara.html?m=1

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